सीधे मुख्य सामग्री पर जाएं

संदेश

धान की रोपाई🌾के समय जरूर रखें इन बातों का ध्यान !

धान की रोपाई🌾के समय जरूर रखें इन बातों का ध्यान ! किसान भाइयों, जब आप नर्सरी से खेत में धान की रोपाई करते है तो उससे पहले कुछ जरूरी बातों का ध्यान जरूर रखे ताकि रोगग्रस्त फसल से बच सके और आगे जाकर उत्पादन भी अच्छा मिले।  🌾तो आइए जानते है रोपाई के समय क्या ध्यान रखना चाहिए : 🌾सर्वप्रथम रोपाई से पहले ये जरूर निश्चित कर लें की जिस नर्सरी से आप पौध ला रहे हो वो रोगग्रस्त नहीं होनी चाहिए।  🌾रोपाई समय पर करें यानि पौध 21 से 25 दिन की हो जाने पर रोपाई अवश्य करदें ताकि फसल का विकास अच्छी तरह से हो सके। देरी से रोपाई करने पर उत्पादन में गिरावट आती है।  🌾रोपाई से पहले खेत की तैयारी में खेत की जुताई करके छोड़ दें ताकि खरपतवार पूरी तरह से खत्म हो जाए।  🌾रोपाई से पहले पौध को सुझावित फफूँदनाशी और कीटनाशक से जरूर उपचारित करें जिससे रोगों का प्रकोप कम रहे।  🌾रोपाई के पहले या 72 घंटों के बाद उसमें नाइट्रोजन, फास्फोरस, पोटाश और आवश्यक खाद जरूर डालें ताकि धान को शुरुआती पोषण मिल सके।  🌾सामान्य तौर धान की रोपाई के लिए कतार से कतार की दूरी 20 सेंटीमीटर और पौध...

तारबंदी योजना को मिली मंजूरी, एक लाख किसानों को तारबंदी के लिए दिया जाएगा अनुदान

तारबंदी Fencing के लिए अनुदान योजना हर वर्ष किसानों की फसलों को आवारा पशुओं, नीलगाय एवं जंगली जानवरों से काफी नुकसान होता है, जिसका सीधा असर उनकी आमदनी पर पड़ता है। ऐसे में सरकार द्वारा फसलों की सुरक्षा के लिए कई योजनाएँ चलाई जा रही है। इसमें राजस्थान सरकार ने राज्य में किसानों को अपने खेतों की तारबंदी योजना के लिए वित्त वर्ष 2023-24 के लिए मंजूरी दे दी है। साथ ही अधिक से अधिक किसानों को योजना का लाभ मिल सके इसके लिए योजना में कई संशोधन भी किए गए हैं। राजस्थान सरकार प्रदेश के एक लाख किसानों को 4 करोड़ मीटर तारबंदी के लिए अनुदान देगी। इस पर 444.40 करोड़ रुपए व्यय किए जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने निराश्रित पशुओं से फसलों को बचाने के लिए तारबंदी के वित्तीय प्रस्ताव को मंजूरी दी है। अब सामुदायिक तारबंदी Fencing के लिए मिलेगा 70 फ़ीसदी अनुदान तारबंदी में सामुदायिक भागीदारी पर अब पहले से अधिक अनुदान मिलेगा। इसमें 10 या अधिक किसानों के समूह को न्यूनतम 5 हैक्टेयर में तारबंदी के लिए अनुदान राशि 70 प्रतिशत की गई है। राजस्थान सरकार ने यह स्वीकृति आगामी दो वर्षों के लिए...

सरकार ने कृषि यंत्रों की इन योजनाओं के लिए दी 592 करोड़ रुपए की मंजूरी, लाखों किसानों को मिलेगा योजना का लाभ

कृषि यंत्रीकरण को बढ़ावा देने के लिए योजनाएँ खेती में किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए सरकार कृषि में आधुनिक कृषि यंत्रों के उपयोग को बढ़ावा दे रही है। कृषि यंत्रों की मदद से किसान कम समय एवं कम कृषि लागत में काम कर सकते है। कृषि यंत्रों की पहुँच अधिक से अधिक किसान तक हो सके इसके लिए सरकार द्वारा कई योजनाएँ चलाई जा रही हैं, जिसके तहत किसानों को कृषि यंत्रों पर अनुदान दिया जाता है। इस कड़ी में राजस्थान सरकार ने राज्य में कृषि यंत्रों के लिए विभिन्न योजनाओं को मंजूरी दे दी है। राजस्थान सरकार ने राज्य में ड्रोन से नैनो यूरिया के छिड़काव, किसानों को ड्रोन खरीदी के लिए अनुदान, हस्तचलित कृषि यंत्र खरीदने के लिए अनुदान, पशु पालकों को चाफ कटर आदि कृषि यंत्र अनुदान पर उपलब्ध कराने के लिए विभिन्न योजनाओं के तहत 592 करोड़ रुपए के प्रावधान को मंजूरी दे दी है। ड्रोन एवं ड्रोन से यूरिया छिड़काव के लिए दिया जाएगा अनुदान राजस्थान सरकार ने राज्य में ड्रोन से नैनो यूरिया छिड़काव के लिए किसानों को अनुदान देने का फैसला लिया है। मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत के इस निर्णय से राज्य में इस वर्ष 10 हजार हैक्टेयर क...

इस योजना के तहत पशुपालन लोन के साथ ही सरकार दे रही है ब्याज अनुदान

आचार्य विद्यासागर गौ-संवर्धन योजना पशुपालन लोन पर ब्याज अनुदान देश में दुग्ध उत्पादन, ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन एवं पशुपालकों की आमदनी बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा कई योजनाएँ चलाई जा रही है। जिसमें लाभार्थी को कम ब्याज दर पर बैंक ऋण, सब्सिडी आदि सुविधाएँ उपलब्ध कराई जाती है। इस कड़ी में मध्य प्रदेश सरकार द्वारा राज्य में आचार्य विद्यासागर गौ-संवर्धन योजना का क्रियान्वयन किया जा रहा है। योजना के तहत लाभार्थियों को पशुपालन के लिए लोन के साथ ही ब्याज पर अनुदान दिया जा रहा है। पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल ने पशुपालकों से अपील की है कि आचार्य विद्यासागर गौ-संवर्धन योजना का लाभ उठायें। श्री पटेल ने बताया कि वर्ष 2022-23 में योजना में लक्ष्य के अनुसार सामान्य वर्ग के 421, अनुसूचित जनजाति के 16 और अनुसूचित जाति के 38 हितग्राही को लाभान्वित किया गया। पशु पालन के लिए इतना ले सकते हैं बैंक ऋण  पशुपालन एवं डेयरी मंत्री श्री प्रेमसिंह पटेल ने योजना के विषय में जानकारी देते हुए बताया कि योजना में पशुपालक 10 लाख रूपये तक के 5 या इससे अधिक पशु स्वीकृत ...

मौसम विभाग ने जारी किया वर्ष 2023 के लिए मानसून पूर्वानुमान, इस वर्ष बारिश को लेकर की यह भविष्यवाण

मानसून पूर्वानुमान वर्ष 2023 अभी तक किसानों के लिए यह साल परेशानियों भरा रहा है, बेमौसम बारिश एवं ओला वृष्टि से किसानों की फसलों को काफी नुकसान हुआ है। वहीं प्राइवेट मौसम पूर्वानुमान एजेंसी, स्काईमेट वेदर ने इस वर्ष सामान्य से कम मानसूनी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है जिससे किसानों कि चिंता और बढ़ गई है। इस बीच भारतीय मौसम विज्ञान विभाग IMD ने भी इस वर्ष के लिए अपना पहला मानसून पूर्वानुमान जारी कर दिया है, जिसमें किसानों के लिए राहत भरी खबर आई है।  भारतीय मौसम विज्ञान विभाग IMD ने इस वर्ष के अपने पहले पूर्वानुमान में इस वर्ष मानसून के सामान्य रहने की भविष्यवाणी की है। मौसम विभाग की मानें तो पूरे देश में जून से सितंबर तक दक्षिण पश्चिम मानसून की 96 प्रतिशत वर्षा होने की संभावना है जिससे किसानों को कम वर्षा के बारे में चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। इस वर्ष मानसून में कितनी वर्षा होगी?  मौसम विभाग ने इस वर्ष अपने पहले पूर्वानुमान में बताया है कि इस वर्ष देश में मात्रात्मक रूप से, मानसून मौसमी वर्षा ± 5 प्रतिशत की मॉडल त्रुटि के साथ लंबी अवधि के औसत ( एलपीए ) ...

खेतों की तारबंदी के लिए किसानों को मिलेगी 48 हजार रुपए की सब्सिडी, 30 मई से होंगे आवेदन

तारबंदी Fencing पर अनुदान हेतु आवेदन खेतों की तारबंदी के लिए किसानों को मिलेगी 48 हजार रुपए की सब्सिडी, 30 मई से होंगे आवेदन तारबंदी Fencing पर अनुदान हेतु आवेदन हर सीजन में किसानों की फसलों को आवारा पशुओं एवं नीलगाय आदि जंगली जानवरों से फसलों को काफी नुकसान होता है,  जिसका असर फसलों के उत्पादन एवं किसानों की आय पर पड़ता है। जिसके चलते किसानों के लिए यह एक बड़ी समस्या बना हुआ है। पशुओं से होने वाले इस नुकसान से किसानों को बचाने के लिए राजस्थान सरकार किसानों के लिए तारबंदी योजना चलाई जा रही है। जिसमें इस वर्ष कुछ परिवर्तन किए गए हैं। किसान योजना के तहत आवेदन 30 मई से कर सकेंगे। राजस्थान सरकार किसानों की फसलों को आवारा पशुओं एवं नीलगाय से होने वाले नुकसान को रोकने के लिए कांटेदार तथा चैनललिंक तारबंदी के लिए 48 हजार रूपये तक का अनुदान देगी। इसके लिए कृषि विभाग ने काश्तकारों से 30 मई, 2022 से ऑनलाईन आवेदन मांगे हैं। तारबंदी fencing पर कितना अनुदान (Subsidy) दी जाएगी किसानो की फसलों को जंगली एवं आवारा पशुओं से नुकसान से बचाने के लिए तारबंदी योजना चलाई जा रही है। ...

सरकार ने 15 दिनों में खरीदा 1 लाख 45 हजार क्विंटल गोबर, ग्रामीण पशुपालकों को किया गया 2 करोड़ 91 लाख रुपए का भुगतान

गोबर खरीदी का भुगतान छत्तीसगढ़ सरकार राज्य में पशुपालकों, ग्रामीणों एवं किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए गोधन न्याय योजना चला रही है। योजना के तहत ग्रामीण पशु पालकों, किसानों से 2 रुपए किलो की दर से गोबर की खरीदी करती है, जिससे विभिन्न तरह के उत्पाद जैसे वर्मी कम्पोस्ट खाद, प्राकृतिक पेंट, बिजली सहित कई उत्पाद तैयार करके बेचा जाता है।  इस कड़ी में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने 5 अप्रैल के दिन लाभार्थियों को 5 करोड़ 32 लाख रूपए की राशि ऑनलाइन जारी की। सरकार ने यह भुगतान 16 मार्च से 31 मार्च के दौरान पशुपालक ग्रामीणों, गौठानों से जुड़ी महिला समूहों और गौठान समितियों के द्वारा किए गए कामों के लिए किया गया है। इस दौरान गोठानों के माध्यम से 1 लाख 45 हजार क्विंटल गोबर के एवज में 2 करोड़ 91 लाख रुपए का भुगतान किए जाने के साथ ही गौठान समितियों को 1.43 करोड़ रुपए और महिला समूहों को 98 लाख रुपए की लाभांश राशि का वितरण शामिल है। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा कि गोधन न्याय योजना में हम लोगों ने निरंतर उपलब्धियां हासिल की है, लेकिन राज्य में स्वावलंबी गौठानों की संख्या में...

सरकार प्याज भंडार गृह बनवाने के लिए देगी 50 प्रतिशत सब्सिडी, 10 हजार किसानों को मिलेगा योजना का लाभ

प्याज भंडारण के लिए अनुदान आलू, प्याज जैसे नश्वर उत्पादों का भंडारण किसान नहीं कर पाते हैं, जिसके चलते किसानों को फसल निकालने के उपरांत तुरंत ही मंडियों में बेचना पड़ता है जिससे बाजार में भाव काफी गिर जाते हैं और किसानों को भारी नुकसान उठाना पड़ता है। इस समस्या को दूर करने के लिए सरकार अधिक से अधिक किसानों को प्याज भंडारण के लिए गोदाम आदि बनाने के लिए प्रोत्साहन हेतु भारी अनुदान उपलब्ध कराती है। ताकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सके। इस कड़ी में राजस्थान सरकार ने प्याज भंडारण के लिए नई योजना को मंजूरी दे दी है। प्रदेश के 10 हजार किसानों को कम लागत की प्याज भंडारण संरचनाओं के निर्माण के लिए 87.50 करोड़ रुपए का अनुदान दिया जाएगा। मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने अनुदान के प्रस्ताव का अनुमोदन किया है। प्याज भंडार गृह पर कितना अनुदान Subsidy दी जाएगी? राजस्थान सरकार राज्य में किसानों को अलग-अलग योजनाओं के मद से प्याज भंडारण के लिए सब्सिडी उपलब्ध कराएगी। सभी योजनाओं के तहत सरकार ने लक्ष्य निर्धारित कर दिए है। सरकार ने प्याज भंडारण संरचनाओं के निर्माण में प्रति इकाई लगभग ...

शुरू हुआ गोबर से बिजली बनाने का काम, गोबर खरीदी के बदले किया गया 4 करोड़ 25 लाख रुपए का भुगतान

शुरू हुआ गोबर से बिजली बनाने का काम, गोबर खरीदी के बदले किया गया 4 करोड़ 25 लाख रुपए का भुगतान  गोबर खरीदी का भुगतान  मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने 15 मार्च के दिन विधानसभा स्थित अपने कार्यालय कक्ष में आयोजित कार्यक्रम में गोधन न्याय योजना के तहत पशुपालक ग्रामीणों, गौठानों से जुड़ी महिला समूहों और गौठान समितियों को 7 करोड़ 4 लाख रुपए की राशि का ऑनलाइन भुगतान किया। यह भुगतान 16 फरवरी से 28 फरवरी के दौरान लाभार्थियों से खरीदे गए गोबर एवं गौठान समितियों के लाभांश के लिए किया गया है। सरकार द्वारा अभी किए गए भुगतान में 16 फरवरी से 28 फरवरी तक गौठानों में पशुपालक ग्रामीणों, किसानों, भूमिहीनों से क्रय 2.13 लाख क्विंटल गोबर के एवज में 4 करोड़ 25 लाख रुपए, गौठान समितियों को 1.65 करोड़ रुपए और महिला समूहों को 1.14 करोड़ रुपए की लाभांश राशि शामिल है।  गोबर से बिजली बननी हुई शुरू इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि यह खुशी की बात है कि अब गोबर से अन्य उत्पादों के बनाने के अलावा बिजली बनाने का काम शुरू हो गया है। बस्तर के डोमरपाल में गोबर से बिजली बनाने के संयंत्र को ग्रिड स...

किसानों के लिए खुशखबरी: अब समर्थन मूल्य पर प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान ख़रीदेगी सरकार

समर्थन मूल्य MSP पर धान की खरीद देश में किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए सरकार द्वारा कई नई योजनाएँ शुरू की जा रही है, तो वहीं खेती को लाभकारी बनाने के लिए अधिक से अधिक को किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य MSP का लाभ दिया जा रहा है। इस कड़ी में छत्तीसगढ़ सरकार ने राज्य के किसानों को एक बड़ी सौगात दी है। सरकार ने राज्य में इस वर्ष किसानों से अब प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान ख़रीदने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने विधानसभा में किसानों के हित में बड़ी घोषणा करते हुए प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान की समर्थन मूल्य पर खरीदी करने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री ने छत्तीसगढ़ विधानसभा में विनियोग विधेयक पर चर्चा का जवाब देते हुए यह घोषणा की। विधानसभा में चर्चा के बाद विनियोग विधेयक 2023 पारित कर दिया गया। अभी 15 क्विंटल प्रति एकड़ की दर से धान ख़रीदती है सरकार छत्तीसगढ़ में सरकार अभी तक पंजीकृत किसानों से प्रति एकड़ 15 क्विंटल धान की ख़रीदी की जाती है जिसके चलते अधिक पैदावार होने पर किसानों को शेष रह गई धान को बाजार में औने-पौने दामों पर बेचना पड़ता था। जिससे किसानों क...

मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में गोबर खरीदी के लिए श्रीसीमेंट और जिला प्रशासन बलौदाबाजार-भाटापारा के बीच एमओयू

  मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में गोबर खरीदी के लिए श्रीसीमेंट और जिला प्रशासन बलौदाबाजार-भाटापारा के बीच एमओयू    ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने श्रीसीमेंट प्रतिदिन खरीदेगा 10 मीट्रिक टन गोबर  एडीशनल फ्यूल रिर्सोसेज के रूप में होगा गोबर का उपयोग  रायपुर, 21 मार्च 2023  मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में आज यहां विधानसभा परिसर स्थित उनके कार्यालय कक्ष में श्रीसीमेंट उद्योग और जिला प्रशासन बलौदाबाजार-भाटापारा के बीच एमओयू हुआ।  बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के सिमगा विकासखण्ड में स्थापित श्री सीमेंट उद्योग द्वारा गोबर क्रय करने की सहमति दी गई है। कोयले की जगह ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने श्रीसीमेंट प्रतिदिन खरीदेगा 10 मीट्रिक टन गोबर। एडीशनल फ्यूल रिर्सोसेज के रूप में गोबर का भट्टी को गरम करने में कोयले के साथ उपयोग किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार श्री प्रदीप शर्मा, कलेक्टर बलौदाबाजार-भाटापारा श्री रजत बंसल और श्री सीमेंट के श्री रवि तिवारी भी उपस्थित थे। अधिकारियों ने बताया कि श्रीसीमेंट के सबसे समीप के गांव चण्डी मे...

अब ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए सीमेंट कंपनी भी ख़रीदेगी गोबर, पशु पालक किसानों को मिलेगा लाभ

सीमेंट कंपनी और सरकार के बीच हुआ समझौता सीमेंट कंपनी और सरकार के बीच हुआ समझौता छत्तीसगढ़ सरकार राज्य में ग्रामीणों, किसानों एवं पशुपालकों की आय बढ़ाने के लिए गोधन न्याय योजना के तहत 2 रुपए प्रति किलो की दर से गोबर की खरीदी कर रही है। सरकार द्वारा खरीदे गए इस गोबर से गौठानों में कार्यरत स्व-सहायता समूहों द्वारा कई उत्पाद तैयार किए जा रहे हैं। इस कड़ी में अब सीमेंट कम्पनी भी शामिल हो गई है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की उपस्थिति में 21 मार्च के दिन श्रीसीमेंट उद्योग और जिला प्रशासन बलौदाबाजार-भाटापारा के बीच एमओयू हुआ। बलौदाबाजार-भाटापारा जिले के सिमगा विकासखण्ड में स्थापित श्री सीमेंट उद्योग द्वारा गोबर क्रय करने की सहमति दी गई है। अब श्रीसीमेंट कम्पनी द्वारा कोयले की जगह ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा देने के लिए प्रतिदिन 10 मीट्रिक टन गोबर खरीदा जाएगा। कम्पनी द्वारा खरीदे गए इस गोबर का उपयोग एडीशनल फ्यूल रिर्सोसेज के रूप में गोबर की भट्टी को गरम करने में कोयले के साथ करेगी।  95 गाँव के किसानों को मिलेगा लाभ बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में 07 गौ-शालाएं हैं, जिसमें 1739 पशुओं को ...

मौसम चेतावनी: 23 से 25 मार्च के दौरान इन जिलों में हो सकती है बारिश एवं ओला वृष्टि

 मौसम चेतावनी: 23 से 25 मार्च के दौरान इन जिलों में हो सकती है बारिश एवं ओला वृष्टि  देश में बीते कुछ दिनों से हो रही आंधी-बारिश एवं ओलावृष्टि से किसानों को फसलों को काफी नुकसान हुआ है और यह सिलसिला अभी थमा नहीं है। देश में एक बार फिर से पश्चिमी विक्षोभ WD सक्रिय हो गया है। जिसके प्रभाव से एक बार फिर उत्तर एवं मध्य भारतीय राज्यों में बारिश एवं ओला वृष्टि का दौर शुरू होने की संभावना है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग IMD की मानें तो 23 मार्च की शाम से एक बार फिर से उत्तर पश्चिमी राज्यों में आंधी बारिश एवं ओला वृष्टि का दौर शुरू हो जाएगा मौसम विभाग के अनुसार पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, राजस्थान, जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 23-24 मार्च के दौरान आंधी बारिश के साथ ही ओला वृष्टि हो सकती है। वही उत्तराखंड, मध्य प्रदेश, विदर्भ एवं छत्तीसगढ़ में 25-26 मार्च के दौरान अधिकांश हिस्सों में आंधी बारिश के साथ कहीं-कहीं ओला वृष्टि भी हो सकती है।  मध्य प्रदेश के इन जिलों में हो सकती है बारिश एवं ओला वृष्टि भारतीय मौसम विभाग के भोपाल केंद्र के द्वार...

छत्तीसगढ़ के किसान जान लें कौन सी बीमा कम्पनी करती है उनके जिले में फसल बीमा

फसल बीमा कम्पनी लिस्ट  छत्तीसगढ़ देश में किसानों को प्राकृतिक आपदाओं से होने वाले नुकसान से बचाने के लिए वर्ष 2016 से प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना चलाई जा रही है। इस योजना को अब ऋणी किसानों के लिए स्वेच्छिक कर दिया गया है, जिससे ऋणी एवं अऋणी किसान अब अपनी इच्छा के अनुसार बोई गई फसल का बीमा करा सकते हैं। योजना के तहत प्रत्येक राज्य में सूचीवद्ध जनरल बीमा कम्पनियों के द्वारा बीमा किया जाता है। जिसमें अलग-अलग जिलों में क्लस्टर बनाकर बीमा कम्पनियाँ बीमा करती हैं। फसल बीमा कम्पनियों का चयन सम्बंधित राज्य सरकार द्वारा बोली प्रक्रिया के माध्यम से किया जाता है।  ऐसे में किसानों को फसल बीमा करवाते समय जिस कम्पनी के द्वारा बीमा किया गया है उसकी जानकारी होना आवश्यक है, ताकि प्राकृतिक आपदा के समय फसल क्षति होने पर किसान समय पर कम्पनी को सूचित कर फसल क्षति का आंकलन करा सकें। किसान समाधान छत्तीसगढ़ राज्य में कार्य कर रही फसल बीमा कम्पनी एवं उनके टोल फ्री नम्बर की जानकारी अपने पाठकों के लिए लेकर आया है। वर्ष 2022-23 के दौरान छत्तीसगढ़ राज्य में फसल बीमा करने वाली कम्पनी लिस्ट एवं ...

सम्पूर्ण भारत का मार्च 18, 2023 का मौसम पूर्वानुमान

सम्पूर्ण भारत का मार्च 18, 2023 का मौसम पूर्वानुमान देश भर में मौसम प्रणाली: एक पश्चिमी विक्षोभ को अफगानिस्तान के ऊपर एक चक्रवाती परिसंचरण के रूप में बना हुआ है एक प्रेरित चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र दक्षिण पश्चिम राजस्थान और उससे सटे कच्छ पर बना हुआ है। निचले स्तरों पर एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र पूर्वोत्तर राजस्थान पर बना हुआ है। एक ट्रफ निचले स्तरों पर दक्षिण तमिलनाडु से उत्तरी कोंकण तक तटीय और आंतरिक कर्नाटक और गोवा से गुजरती हुई जा रही है। पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल पिछले 24 घंटों के दौरान, सिक्किम के कुछ हिस्सों में भारी वर्षा हुई। हिमाचल प्रदेश, पंजाब के कुछ हिस्सों, बिहार, झारखंड, गंगीय पश्चिम बंगाल, मेघालय, आंध्र प्रदेश, उत्तर मध्य महाराष्ट्र, उत्तरी कोंकण और गोवा, दक्षिण केरल और अंडमान और निकोबार द्वीप समूह में हल्की से मध्यम बारिश और गरज के बौछारें गिरी। जम्मू कश्मीर, तमिलनाडु, महाराष्ट्र के शेष हिस्सों, ओडिशा के कुछ हिस्सों, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, राजस्थान के कुछ हिस्सों और उत्तराखंड, गुजरात, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा और असम म...

सम्पूर्ण भारत का मार्च 17, 2023 का मौसम पूर्वानुमान

  देश भर में मौसम प्रणाली: पश्चिमी विक्षोभ अफगानिस्तान के पश्चिमी हिस्सों पर बना हुआ है। प्रेरित चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र राजस्थान के मध्य भागों पर बना हुआ है। एक ट्रफ आंतरिक तमिलनाडु से आंतरिक कर्नाटक होते हुए कोंकण तक फैली हुई है। एक ट्रफ रेखा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल से दक्षिण ओडिशा तक गंगीय पश्चिम बंगाल और झारखंड होकर जा रही है।   पिछले 24 घंटों के दौरान देश भर में हुई मौसमी हलचल पिछले 24 घंटों के दौरान, हिमाचल प्रदेश, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम, असम, मेघालय और अरुणाचल प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश और गरज के साथ बारिश हुई। शेष पूर्वोत्तर भारत में हल्की बारिश हुई। विदर्भ, उत्तरी मध्य महाराष्ट्र और केरल में हल्की से मध्यम बारिश और एक या दो स्थानों पर गरज के साथ तेज बारिश हुई। पूर्वी गुजरात, राजस्थान के कुछ हिस्सों, मध्य प्रदेश, आंतरिक तमिलनाडु और ओडिशा में हल्की बारिश हुई। उत्तर प्रदेश, छत्तीसगढ़, तटीय आंध्र प्रदेश, गंगीय पश्चिम बंगाल, आंतरिक कर्नाटक और उत्तरी कोंकण और गोवा में एक या दो स्थानों पर हल्की बारिश हुई। पश्चिमी हिमालय के कई स्थानों ...

Roko fungicide | Biostad | Thiophanet methyl-70%WP| Roko fungicide price dose work result|CGKISANTV

किसान भाइयों इस पोस्ट में ब्लू कॉपर फंगीसाइड के बारे में संपूर्ण जानकारी बताया गया है  इसे आप कौन-कौन से फसलों पर स्प्रे कर सकते हैं  कौन-कौन से फंगस को नियंत्रण करता है इसका केमिकल एंड फॉर्मूलेशन क्या है या किस तरीके से काम करता है उसकी डोज क्या है ? इसकी कीमत क्या है ? पूरा जानकारी बताया गया है पूरा जानकारी के लिए इस वीडियो को एक बार जरूर देखें और ज्यादा जानकारी के लिए हमारे वेबसाइट को सब्सक्राइब कर लीजिए और यूट्यूब चैनल को भी सब्सक्राइब कर लीजिए किसान भाइयों ब्लू कॉपर फंगीसाइड की अधिक जानकारी के लिए इस लिंक को क्लिक करें और वीडियो को देखें 👇👇👇👇👇👇👇👇👇👇👇👇 https://youtu.be/BjEPBv7i6Gg

मौसम चेतावनी: 16 से 19 मार्च के दौरान इन जिलों में हो सकती है बारिश एवं ओलावृष्टि

मौसम चेतावनी: 16 से 19 मार्च के दौरान इन जिलों में हो सकती है बारिश एवं ओलावृष्टि -  16 से 19 मार्च के लिए मौसम पूर्वानुमान देश में एक बार फिर से पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो गया है इसके साथ ही एक चक्रवाती हवाओं का क्षेत्र दक्षिण पूर्व राजस्थान और इसके आसपास के क्षेत्रों पर बना हुआ है जिसके प्रभाव से आने वाले दिनों में देश के अधिकांश हिस्सों में जहां बादल छाए रहेंगे वहीं कई राज्यों में तेज हवाओं के साथ ही गरज चमक के साथ बारिश एवं ओला वृष्टि होने की संभावना है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग IMD की मानें तो महाराष्ट्र, तेलंगाना, छत्तीसगढ़, झारखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश, बिहार, दिल्ली, हरियाणा एवं पंजाब राज्यों के अधिकांश जिलों में 16 से 19 मार्च के दौरान गरज चमक के साथ ही आंधी बारिश होने की सम्भावना है। इसके अलावा 16 एवं 17 मार्च के दौरान अधिकांश क्षेत्रों में ओला वृष्टि भी हो सकती है।  मध्य प्रदेश के इन जिलों में हो सकती है  बारिश एवं ओलावृष्टि -   भारतीय मौसम विभाग के भोपाल केंद्र के द्वारा जारी चेतावनी के अनुसार 16 से 19 मार्च के दौरान मध्यप्रदेश के भोपाल, वि...

चप्पन कद्दू की खेती से किसान चमकाएं अपनी किस्मत, कम लागत में मिलेगा मुनाफा !

भारत में अब किसान पारंपरिक खेती से हटकर सब्जी, औषधीय पौधे और फूलों की खेती कर रहे हैं, तभी किसानों को खेती में अच्छा मुनाफा हो रहा है क्योंकि यह फसलें कम लागत और कम समय में अच्छा मुनाफा देती हैं ऐसे में आपको चप्पन कद्दू की खेती की जानकारी दे रहे हैं जिसे जुकीनी भी कहते हैं जो किसानों के लिए मुनाफे का सौदा साबित हो रही है. चप्पन कद्दू की खेती कद्दू वर्गीय फसल के लिए होती है. यह एक लतावर्गीय पौधा होता है, जिसकी लम्बाई 2-3 फीट तक ही होती है, चप्पन कद्दू का उपयोग सब्जी के रूप में होता है यह शरीर में केरोटीन की मात्रा को पूरा करता है और कैंसर की बीमारी में भी लाभकारी माना जाता है चप्पन कद्दू में पोटेशियम और विटामिन ए, सी जैसे पोषक तत्व भी होते हैं. इतना ही नहीं फिल्म स्टार इस सब्जी को खाना खूब पसंद करते हैं, क्योकि यह वजन को नियंत्रित रखने में बहुत लाभकारी होती है. इसलिए चप्पन कद्दू की खेती से किसान अच्छी कमाई कर सकते हैं आईये जानते हैं खेती का तरीका...  उपयुक्त जलवायु- खेती के लिए उष्णकटिबंधीय जलवायु सबसे अच्छी होती है इसकी खेती रबी की फसल के साथ की जाती है सर्दी का मौसम स...

गेहूं एवं जौ की भरपूर पैदावार के लिए किसान इस सप्ताह करें यह काम

जौ एवं गेहूं की खेती करने वाले किसानों के लिए सलाह किसान कम लागत में गेहूं की भरपूर पैदावार प्राप्त कर सकें इसके लिए समय-समय पर कृषि विश्वविद्यालयों, वैज्ञानिकों एवं कृषि विभाग द्वारा किसानों के लिए सलाह जारी की जाती है। जिसे अपनाकर किसान न केवल गेहूं की उत्पादकता बढ़ा सकते हैं बल्कि लागत कम कर अपनी आमदनी में भी वृद्धि कर सकते हैं। इस कड़ी में गेहूं एवं जौ अनुसंधान संस्थान, करनाल द्वारा गेहूं की खेती कर रहे किसानों के लिए साप्ताहिक सलाह जारी की गई है। सलाह में बताया गया है कि मौसम विभाग IMD के द्वारा जारी मौसम पूर्वानुमान के अनुसार 14 मार्च से कई स्थानों पर बादल छाए रहने के साथ ही आंधी-बारिश होने की संभावना है। जिसे देखते हुए ही किसान अपने गेहूं के खेतों में सिंचाई एवं अन्य कार्य करें।  कैसा रहेगा गेहूं की खेती के लिए मौसम जारी सलाह में कहा गया है कि उत्तर भारत के अधिकांश स्थानों पर आने वाले सप्ताह में अधिकतम तापमान 27.4 से 34.9 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 13.0 से 17.7 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने का अनुमान है, जो गेहूं और जौ की फसल के लिए अनुकूल है। इसके अलावा आने वाले सप्ताह...